HI
मामलात पर आधारित फ़िक़्ह
वक़्फ़
1 hadiths
क्रय-विक्रय
4
सूद
1
क़र्ज़
4
सुलह तथा पड़ोसियों से संबंधित अहकाम
2
الإجارة
1
वक़्फ़
1
हिबा तथा अतिय्या (दान)
1
क़समें और मन्नतें
3
1 hadiths
अबू हुरैरा रज़ियल्लाहु अन्हु का वर्णन है कि अल्लाह के रसूल सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने फ़रमाया है: ''जब कोई व्यक्ति मर जाता है, तो उसके कर्मों का सिलसिला रुक जाता है, सिवाय तीन चीज़ों के : स़दक़ा जारिया (अनवरत चलने वाला दान), ऐसी विद्या छोड़कर जाना जिससे लोग लाभांवित हों अथवा ऐसी नेक (सदाचारी) संतान, जो उसके लिए (मरने के बाद) दुआ करे।''
इसे मुस्लिम ने रिवायत किया है